कालेधन को सफ़ेद बनाने की स्कीम से लोग हुए नाराज, जाने क्यों

मोदी सरकार ने ब्लैक मनी रोकने के लिए नोटबंदी की जिससे बाज़ार में चल रहे जाली नोट खत्म हो जायंगे और जिनके पास काला धन पड़ा है वह सिर कागज के टुकड़े बन के रह जाएंगे लेकिन अब मोदी सरकार ब्लैक मनी को वाइट करने के लिए एक नई स्कीम लेके आई है। इस नई स्कीम में जिस किसी के पास भी काला धन है उसे अगर वह खुद बता देता है तो सरकार उस पर 50% ही जुर्माना लगेगा और सरकार यह भी नही पूछेगी की आपने यह रकम कहाँ से कमाई। लेकिन इस स्कीम आने के बाद कई लोगों ने सवाल किए की मोदी सरकार आखिर उन काले धन वाले लोगों को बचने का मौका क्यों दे रही है।

pm-fix_148054

आम नागरिक कह रहे है जब से मोदी जी PM बने है तब से वे भ्रष्टाचार और काले धन को खत्म करने की बात करते आये है। सरकार कह रही थी की नोट बंदी काले धन को समाप्त करने की लिए की गयी है तो फिर ब्लैक मनी रखने वालों को आधी वाइट करने का मौका क्यों दे रही है। ज्यादातर काला धन टैक्स चोरी करके और भ्रष्टाचार के द्वारा कमाई की गई रकम होती है।

नोटबंदी के फैसले के बाद इल्लीगल व्यापार करने वाले लोगो में एक डर था की अब इन पैसो का क्या करेंगे। पर इस नई स्कीम से इल्लीगल काम करने वाले लोगों को मौका मिल गया है। वे इसे खुद बताकर अपनी 50% रकम वाइट करा सकते है। और उनसे ये भी नही पूछेगी की इतना सारा धन आपने कैसे कमाया।

नोटबंदी के फैसले से जो लोग परेशानियां सह कर भी इस फैसले की सराहना कर रहे थे वे इससे निराश है। लोग इंतेजार कर रहे थे की 30 दिसम्बर के बाद सरकर उन लोगो पर सख्त कार्यवाही करेगी। अब लोग कह रहे है की सरकार ब्लैक मनी को लेकर नरम पड़ गई है।